हरलाखी(मधुबनी): भारत नेपाल सीमा एक महत्वपूर्ण मार्ग हरणे बार्डर जाने वाली सड़क पुरी तरह से जलमग्न है। इस सड़क पर तीन फुट पानी लगा हुआ है। जिससे पांव पैदल चलना मुश्किल हो चुका है। यह जलजमाव बारिश के मौसम में तो जलम्ग्न हो जाता है, वैसे सभी दिन यहां पानी लगा रहता है। जिससे अजिज होकर ग्रामीणों ने मुखिया दयानंद झा के नेतृत्व में बुधवार को पानी में खड़े होकर अपने गुस्से का इजहार करते हुए विरोध प्रदर्शन कर विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। बताते चले कि हरलाखी गांव के कबारी टोल, हरिणे के ब्रम्ह स्थान व साहू टोला से होती है। जयनगर एनएच 104 से जुड़ी हरिणे गांव की सड़क भारत नेपाल को जोड़ती है। जहां सीमा पर इसी गांव में एसएसबी कंपनी के हेडक्वार्टर कैंप भी है। जहां समय समय पर एसएसबी अधिकारियों की गाड़ियां भी गुजरती है। भारत के अंतिम सीमा पर बसा यह गांव जलजमाव की समस्या से पूरी तरह प्रभावित है। गांव के मुख्य सड़क से जलनिकासी के लिए कहीं से भी कोई पहल नहीं की जा रही है। जिससे गांव के लोग काफी आक्रोशित है। इस दौरान मुखिया दयानंद झा ने बताया कि हमने अपने स्तर से पिछली बार जल निकासी के लिए नाला का भी निर्माण कराया था, लेकिन जलजमाव की समस्या इतनी बड़ी है कि सड़क से पानी का निकलना मुश्किल हो गया है। नाला ध्वस्त हो चुका है। यह समस्या आज कई वर्षां से बनी हुई। जिसके लिए प्रशासन के कई दफ्तारों व सांसद विधायक को भी आवेदन देकर गुहार लगाई जा चुकी है। लेकिन विभागीय लापरवाही के कारण देश के अंतिम सीमा पर बसा यह गांव मूलभूत सुविधाओं से वंचित है। सड़क व नाला का निर्माण कराए जाने के बाद ही जलजमाव की समस्या से निजात पाई जा सकती है। इस बाबत विधायक सुधांशू शेखर ने कहा कि समस्या से विभाग को अवगत कराया जा चुका है। हमने प्रश्न विधानसभा में भी रखा है। जल्द ही कोई ठोस कदम उठाई जाएगी। विक्रम भगत नागवंशी संपर्क: 8678072643
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